Erectile Dysfunction Se Chutkara Kaise Paye? इरेक्शन की समस्या दूर करने के 8 तरीके उन पुरुषों के लिए उपयोगी जानकारी है, जिन्हें यौन संबंध बनाते समय लिंग में पर्याप्त तनाव (Erection) आने या उसे बनाए रखने में परेशानी होती है। यह समस्या तनाव, चिंता, डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर, खराब जीवनशैली या कुछ दवाओं के कारण हो सकती है।
अच्छी बात यह है कि कुछ मामलों में खानपान में सुधार, नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद और तनाव कम करने जैसी आदतें इरेक्टाइल डिसफंक्शन के लक्षणों में सुधार करने में मदद कर सकती हैं। हालांकि, हर व्यक्ति में इसका कारण अलग हो सकता है और केवल घरेलू उपायों से सभी मामलों का इलाज संभव नहीं है।
इस लेख में जानिए इरेक्टाइल डिसफंक्शन क्या है, इसके सामान्य कारण क्या हैं, कौन-से घरेलू उपाय मददगार हो सकते हैं और किन परिस्थितियों में डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन क्या है? (What Is Erectile Dysfunction in Hindi)
इरेक्टाइल डिसफंक्शन (ED) एक ऐसी स्थिति है, जिसमें पुरुष को यौन गतिविधि के लिए पर्याप्त इरेक्शन प्राप्त करने या उसे बनाए रखने में बार-बार परेशानी होती है। इसे आम बोलचाल में स्तंभन दोष या इरेक्शन की समस्या भी कहा जाता है।
लिंग में इरेक्शन होने के लिए सही रक्त प्रवाह, नसों का सामान्य काम करना, हार्मोन का संतुलन और मानसिक रूप से उत्तेजित होना महत्वपूर्ण है। इन प्रक्रियाओं में किसी तरह की परेशानी होने पर इरेक्शन प्रभावित हो सकता है।
कभी-कभी थकान, नींद की कमी, तनाव या चिंता के कारण इरेक्शन में परेशानी होना असामान्य नहीं है। लेकिन अगर यह समस्या बार-बार हो रही है, तो इसके पीछे किसी शारीरिक या मानसिक कारण की जांच कराना जरूरी है।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन के मुख्य लक्षण
इरेक्टाइल डिसफंक्शन के लक्षण हर व्यक्ति में अलग हो सकते हैं। इसके सामान्य लक्षण निम्नलिखित हैं:
- यौन संबंध बनाते समय लिंग में पर्याप्त तनाव न आना।
- इरेक्शन आने के बाद जल्दी ढीला पड़ जाना।
- इरेक्शन बनाए रखने में बार-बार परेशानी होना।
- यौन प्रदर्शन को लेकर अत्यधिक चिंता या घबराहट होना।
- इरेक्शन की समस्या के कारण आत्मविश्वास में कमी आना।
- कुछ मामलों में यौन इच्छा में भी कमी महसूस होना।
ध्यान रखें कि यौन इच्छा में कमी और इरेक्टाइल डिसफंक्शन अलग-अलग समस्याएं हैं। दोनों एक साथ हो सकती हैं, लेकिन जरूरी नहीं कि ऐसा हर व्यक्ति के साथ हो।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन होने के कारण
घरेलू उपाय अपनाने से पहले यह समझना जरूरी है कि इरेक्शन की समस्या किस वजह से हो रही है।
1. मानसिक तनाव और चिंता
काम का दबाव, आर्थिक परेशानियां, रिश्तों में तनाव और यौन प्रदर्शन को लेकर चिंता इरेक्शन को प्रभावित कर सकती है। कभी-कभी एक बार इरेक्शन में परेशानी होने के बाद अगली बार भी वही समस्या होने का डर पैदा हो जाता है, जिससे परेशानी बढ़ सकती है।
2. डायबिटीज और हाई ब्लड प्रेशर
डायबिटीज और हाई ब्लड प्रेशर रक्त वाहिकाओं तथा नसों को प्रभावित कर सकते हैं। इससे लिंग तक पर्याप्त रक्त पहुंचने में परेशानी हो सकती है।
3. धूम्रपान और शराब का सेवन
धूम्रपान रक्त वाहिकाओं को नुकसान पहुंचा सकता है। अत्यधिक शराब का सेवन भी यौन क्षमता और इरेक्शन को प्रभावित कर सकता है।
4. मोटापा और शारीरिक गतिविधि की कमी
अधिक वजन, नियमित व्यायाम न करना और असंतुलित खानपान डायबिटीज तथा हृदय संबंधी समस्याओं का जोखिम बढ़ा सकते हैं। ये स्थितियां इरेक्टाइल डिसफंक्शन से जुड़ी हो सकती हैं।
5. हार्मोन से जुड़ी समस्याएं
कुछ पुरुषों में टेस्टोस्टेरोन का कम स्तर या अन्य हार्मोन संबंधी समस्याएं यौन इच्छा और इरेक्शन को प्रभावित कर सकती हैं। हार्मोन की जांच और उपचार डॉक्टर की सलाह से ही होना चाहिए।
6. कुछ दवाओं का प्रभाव
ब्लड प्रेशर, डिप्रेशन और दूसरी स्वास्थ्य समस्याओं के लिए ली जाने वाली कुछ दवाओं के कारण भी इरेक्शन में परेशानी हो सकती है। किसी दवा को अपने आप बंद न करें; डॉक्टर से उसके विकल्पों पर चर्चा करें।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन का घरेलू इलाज: 8 उपयोगी तरीके
घरेलू उपायों का मुख्य उद्देश्य संपूर्ण स्वास्थ्य में सुधार करना और उन आदतों को बदलना है, जो इरेक्शन की समस्या को बढ़ा सकती हैं। नीचे दिए गए तरीके कुछ पुरुषों के लिए मददगार हो सकते हैं, लेकिन इनके परिणाम व्यक्ति और समस्या के कारण के अनुसार अलग-अलग होते हैं।
1. संतुलित और पौष्टिक आहार लें
स्वस्थ खानपान रक्त वाहिकाओं के स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने और डायबिटीज, मोटापा तथा हृदय रोग के जोखिम को कम करने में मदद कर सकता है।
अपने दैनिक आहार में इन चीजों को शामिल करने की कोशिश करें:
- हरी पत्तेदार सब्जियां, जैसे पालक और मेथी।
- मौसमी फल, जैसे सेब, संतरा और अमरूद।
- दालें, चना, राजमा और अन्य फलियां।
- बादाम, अखरोट और बीज सीमित मात्रा में।
- साबुत अनाज, जैसे ओट्स और कम पॉलिश वाला अनाज।
- पर्याप्त मात्रा में पानी।
तली हुई चीजें, अत्यधिक मीठे पेय, ज्यादा प्रोसेस्ड फूड और जरूरत से अधिक कैलोरी लेने से बचें।
ध्यान दें: कोई एक फल, मेवा या विशेष भोजन इरेक्टाइल डिसफंक्शन को तुरंत ठीक करने की गारंटी नहीं देता। संतुलित आहार का फायदा नियमित रूप से स्वस्थ खानपान अपनाने से मिलता है।
2. रोजाना व्यायाम करें
नियमित शारीरिक गतिविधि रक्त संचार, वजन नियंत्रण और हृदय स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद है। इनका इरेक्शन की समस्या पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
आप शुरुआत इस तरह कर सकते हैं:
- रोजाना 20–30 मिनट तेज चाल से चलें।
- अपनी क्षमता के अनुसार साइकिलिंग या हल्की जॉगिंग करें।
- सप्ताह में कुछ दिन मांसपेशियों को मजबूत करने वाले व्यायाम करें।
- लंबे समय तक लगातार बैठने से बचें और बीच-बीच में उठकर चलें।
धीरे-धीरे गतिविधि बढ़ाएं। यदि आपको हृदय रोग है या व्यायाम करने पर सीने में दर्द, सांस फूलने या चक्कर आने की समस्या होती है, तो व्यायाम शुरू करने से पहले चिकित्सकीय सलाह लें।
3. तनाव और यौन प्रदर्शन की चिंता कम करें
मानसिक तनाव इरेक्शन की समस्या का कारण भी बन सकता है और इसे बढ़ा भी सकता है। इसलिए मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना जरूरी है।
इन तरीकों को आजमा सकते हैं:
- रोजाना 5–10 मिनट धीमी और आरामदायक सांस लेने का अभ्यास करें।
- काम के बीच छोटे ब्रेक लें।
- अपनी नींद और आराम के लिए पर्याप्त समय रखें।
- पार्टनर से खुलकर बात करें और यौन संबंध को प्रदर्शन की परीक्षा न बनाएं।
- जरूरत पड़ने पर योग्य काउंसलर या सेक्स थेरेपिस्ट की मदद लें।
यदि समस्या मुख्य रूप से चिंता, डर या रिश्तों के तनाव से जुड़ी है, तो काउंसलिंग और सेक्स थेरेपी उपयोगी हो सकती हैं।
4. पर्याप्त और नियमित नींद लें
नींद की कमी थकान, तनाव और सामान्य स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है। खराब नींद कुछ पुरुषों में यौन समस्याओं को बढ़ा सकती है।
बेहतर नींद के लिए:
- रोजाना लगभग एक ही समय पर सोने और जागने की आदत बनाएं।
- वयस्क होने पर आमतौर पर 7–9 घंटे की नींद लेने का लक्ष्य रखें।
- सोने से पहले मोबाइल और अन्य स्क्रीन का इस्तेमाल कम करें।
- रात में कैफीन लेने से बचें, खासकर यदि इससे नींद प्रभावित होती है।
- यदि जोरदार खर्राटे आते हैं या सोते समय सांस रुकने जैसी समस्या होती है, तो डॉक्टर से सलाह लें।
नींद सुधारना स्वास्थ्य के लिए अच्छा कदम है, लेकिन यह हर प्रकार के इरेक्टाइल डिसफंक्शन का अकेले इलाज नहीं है।
5. धूम्रपान छोड़ें और शराब सीमित करें
धूम्रपान रक्त वाहिकाओं के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचा सकता है। शराब का अधिक सेवन भी इरेक्शन को प्रभावित कर सकता है।
यदि आप धूम्रपान करते हैं, तो इसे छोड़ने के लिए डॉक्टर या किसी विश्वसनीय सहायता सेवा की मदद ले सकते हैं। शराब पीते हैं, तो इसे कम करें; शराब न पीना स्वास्थ्य के लिए बेहतर विकल्प है।
धूम्रपान छोड़ने और शराब सीमित करने से केवल यौन स्वास्थ्य ही नहीं, बल्कि संपूर्ण स्वास्थ्य को भी लाभ हो सकता है।
6. वजन को स्वस्थ सीमा में रखें
अधिक वजन कुछ पुरुषों में इरेक्टाइल डिसफंक्शन और उससे जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं का जोखिम बढ़ा सकता है।
वजन प्रबंधित करने के लिए:
- घर का संतुलित भोजन खाएं।
- रोजाना शारीरिक गतिविधि करें।
- मीठे पेय और बार-बार तला हुआ भोजन लेने से बचें।
- छोटे और नियमित बदलाव अपनाएं, न कि बहुत कठोर डाइट।
यदि आपका वजन अधिक है, तो धीरे-धीरे वजन कम करने से रक्तचाप, ब्लड शुगर और अन्य स्वास्थ्य संकेतकों में सुधार हो सकता है।
7. पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइज के बारे में जानें
पेल्विक फ्लोर मांसपेशियां पेशाब और यौन कार्यों से जुड़ी होती हैं। कुछ पुरुषों में सही तरीके से की गई पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइज मददगार हो सकती है, लेकिन इसका लाभ सभी में समान नहीं होता।
सामान्य तरीका:
- उन मांसपेशियों को पहचानें, जिनसे आप गैस रोकने जैसी क्रिया करते हैं।
- सामान्य रूप से सांस लेते हुए मांसपेशियों को धीरे से सिकोड़ें।
- लगभग 3–5 सेकंड तक सिकोड़कर रखें और फिर पूरी तरह ढीला छोड़ दें।
- शुरुआत में 8–10 बार दोहराएं, यदि इससे दर्द या परेशानी न हो।
पेशाब करते समय बार-बार धारा रोककर इस व्यायाम का अभ्यास न करें। यदि आपको पेल्विक क्षेत्र में दर्द, मांसपेशियों में अत्यधिक कसाव या लक्षणों में बढ़ोतरी होती है, तो व्यायाम रोककर फिजियोथेरेपिस्ट या डॉक्टर से सलाह लें।
यह व्यायाम इरेक्टाइल डिसफंक्शन को ठीक करने का निश्चित तरीका नहीं है।
8. पार्टनर के साथ संवाद और भावनात्मक जुड़ाव बढ़ाएं
इरेक्शन की समस्या को लेकर शर्म या डर महसूस करना स्वाभाविक है, लेकिन इसे अकेले सहना जरूरी नहीं है।
पार्टनर के साथ शांत वातावरण में बातचीत करें। एक-दूसरे पर प्रदर्शन का दबाव डालने के बजाय आराम, निकटता और आपसी समझ को प्राथमिकता दें।
यदि समस्या के कारण रिश्ते में तनाव आ रहा है, तो कपल्स काउंसलिंग या सेक्स थेरेपी पर विचार किया जा सकता है।
क्या लहसुन, अदरक, शहद या अश्वगंधा से इरेक्टाइल डिसफंक्शन ठीक हो सकता है?
इरेक्शन की समस्या के लिए इंटरनेट पर कई घरेलू नुस्खे बताए जाते हैं। लेकिन किसी प्राकृतिक चीज का पारंपरिक रूप से इस्तेमाल होना इस बात का प्रमाण नहीं है कि वह इरेक्टाइल डिसफंक्शन का प्रभावी इलाज है।
लहसुन और अदरक: इन्हें सामान्य भोजन में शामिल किया जा सकता है, लेकिन इनसे इरेक्टाइल डिसफंक्शन ठीक होने का पर्याप्त प्रमाण नहीं है।
शहद: शहद सामान्य खाद्य पदार्थ है, लेकिन इसे इरेक्शन बढ़ाने वाली दवा नहीं माना जाना चाहिए। डायबिटीज वाले लोगों को इसके सेवन पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
अश्वगंधा और अन्य हर्बल सप्लीमेंट: कुछ उत्पादों के बारे में यौन स्वास्थ्य में लाभ के दावे किए जाते हैं, लेकिन इरेक्टाइल डिसफंक्शन के इलाज के लिए इनके प्रमाण सीमित हैं। इनसे दुष्प्रभाव या दवाओं के साथ प्रतिक्रिया भी हो सकती है।
बिना डॉक्टर की सलाह के कोई हर्बल पाउडर, कैप्सूल या यौन क्षमता बढ़ाने वाला सप्लीमेंट शुरू न करें। प्राकृतिक होने का मतलब हमेशा सुरक्षित होना नहीं है।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन में किन गलतियों से बचना चाहिए?
समस्या से छुटकारा पाने की कोशिश में कुछ लोग ऐसे उपाय अपना लेते हैं, जिनसे नुकसान हो सकता है।
इन गलतियों से बचें:
- बिना चिकित्सकीय सलाह के सेक्स पावर की दवाएं लेना।
- ऑनलाइन मिलने वाले अज्ञात हर्बल या ‘तुरंत असर’ वाले उत्पादों पर भरोसा करना।
- केवल घरेलू नुस्खों पर निर्भर रहकर बार-बार होने वाली समस्या को नजरअंदाज करना।
- डायबिटीज या हाई ब्लड प्रेशर का इलाज टालना।
- डॉक्टर की सलाह के बिना नियमित दवाएं बंद कर देना।
- इरेक्शन की समस्या को अपनी मर्दानगी या व्यक्तिगत क्षमता से जोड़कर खुद को दोष देना।
कुछ तथाकथित प्राकृतिक यौन-वर्धक उत्पादों में बिना बताए दवा जैसे पदार्थ मिले हो सकते हैं। ये विशेष रूप से उन लोगों के लिए खतरनाक हो सकते हैं, जो हृदय रोग की कुछ दवाएं लेते हैं।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन होने पर डॉक्टर को कब दिखाना चाहिए?
यदि इरेक्शन की समस्या बार-बार हो रही है, लगातार बनी हुई है या आपके यौन जीवन को प्रभावित कर रही है, तो डॉक्टर से परामर्श लें।
विशेष रूप से डॉक्टर से जांच कराने की जरूरत हो सकती है यदि:
- आपको डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर या हृदय रोग है।
- यौन इच्छा में अचानक या लगातार कमी आई है।
- लिंग में दर्द, चोट या असामान्य बदलाव दिखाई देते हैं।
- समस्या किसी नई दवा को शुरू करने के बाद हुई है।
- तनाव, चिंता या डिप्रेशन की समस्या भी बनी हुई है।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन कभी-कभी रक्त वाहिकाओं या अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का संकेत हो सकता है। डॉक्टर आपकी मेडिकल हिस्ट्री, शारीरिक जांच और जरूरत के अनुसार ब्लड शुगर, हार्मोन या अन्य टेस्ट कराने की सलाह दे सकते हैं।
यदि इरेक्शन चार घंटे से अधिक बना रहे, खासकर किसी यौन-वर्धक दवा के बाद, तो तुरंत आपातकालीन चिकित्सा सहायता लें।
इरेक्टाइल डिसफंक्शन का मेडिकल इलाज क्या है?
यदि घरेलू उपायों और जीवनशैली में बदलाव से पर्याप्त सुधार नहीं होता, तो डॉक्टर कारण के अनुसार उपचार सुझा सकते हैं।
उपचार में शामिल हो सकते हैं:
- डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर या अन्य संबंधित बीमारियों का प्रबंधन।
- जरूरत के अनुसार डॉक्टर द्वारा निर्धारित दवाएं, जैसे PDE5 इनहिबिटर।
- तनाव या प्रदर्शन की चिंता होने पर काउंसलिंग या सेक्स थेरेपी।
- कुछ परिस्थितियों में वैक्यूम इरेक्शन डिवाइस या अन्य विशेषज्ञ उपचार।
सिल्डेनाफिल या टैडालाफिल जैसी दवाएं कुछ पुरुषों के लिए प्रभावी हो सकती हैं, लेकिन ये सभी के लिए सुरक्षित नहीं होतीं। खासकर नाइट्रेट वाली हृदय की दवाओं के साथ इनका इस्तेमाल खतरनाक रूप से ब्लड प्रेशर कम कर सकता है। इन्हें डॉक्टर की सलाह के बिना न लें।
सही उपचार समस्या के कारण, स्वास्थ्य की स्थिति और व्यक्ति की जरूरत पर निर्भर करता है।
Read also :- time management tips for work life balance hindi करियर और लाइफ के बीच बैलेंस बनाने के लिए टाइम मैनेजमेंट टिप्स
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. इरेक्टाइल डिसफंक्शन का सबसे अच्छा घरेलू इलाज क्या है?
संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद, धूम्रपान छोड़ना, शराब सीमित करना और तनाव कम करना मददगार हो सकता है। हालांकि, बार-बार होने वाली समस्या में कारण की जांच जरूरी है।
2. क्या इरेक्टाइल डिसफंक्शन अपने आप ठीक हो सकता है?
यदि समस्या कभी-कभार होने वाली थकान, तनाव या शराब के सेवन से जुड़ी है, तो परिस्थितियां सुधरने पर इरेक्शन सामान्य हो सकता है। लेकिन लगातार परेशानी होने पर डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
3. क्या केला खाने से इरेक्शन मजबूत होता है?
केला पौष्टिक आहार का हिस्सा है, लेकिन ऐसा पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है कि केवल केला खाने से इरेक्शन मजबूत हो जाता है। संपूर्ण संतुलित आहार अधिक महत्वपूर्ण है।
4. क्या अश्वगंधा इरेक्टाइल डिसफंक्शन का इलाज है?
अश्वगंधा को इरेक्टाइल डिसफंक्शन का प्रमाणित इलाज नहीं माना जा सकता। इसकी प्रभावशीलता और सुरक्षा के बारे में पर्याप्त प्रमाण नहीं हैं। इसका सप्लीमेंट लेने से पहले डॉक्टर से सलाह लें।
5. क्या तनाव के कारण इरेक्शन की समस्या हो सकती है?
हां। तनाव, चिंता, डिप्रेशन और यौन प्रदर्शन का डर इरेक्शन को प्रभावित कर सकते हैं। कुछ मामलों में काउंसलिंग और तनाव प्रबंधन से सुधार हो सकता है।
6. क्या युवा पुरुषों को भी इरेक्टाइल डिसफंक्शन हो सकता है?
हां। यह समस्या केवल अधिक उम्र के पुरुषों तक सीमित नहीं है। तनाव, चिंता, कुछ दवाएं और शारीरिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याएं कम उम्र में भी इरेक्शन को प्रभावित कर सकती हैं।
7. इरेक्टाइल डिसफंक्शन के लिए किस डॉक्टर को दिखाना चाहिए?
आप शुरुआत किसी योग्य जनरल फिजिशियन से कर सकते हैं। जरूरत के अनुसार वे आपको यूरोलॉजिस्ट या संबंधित विशेषज्ञ के पास भेज सकते हैं।
8. क्या इरेक्टाइल डिसफंक्शन का स्थायी इलाज संभव है?
कई पुरुषों में कारण का सही इलाज और उचित उपचार से काफी सुधार हो सकता है। परिणाम समस्या के कारण और व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति पर निर्भर करते हैं। हर मामले में स्थायी इलाज की गारंटी नहीं दी जा सकती।
निष्कर्ष
इरेक्टाइल डिसफंक्शन एक आम और उपचार योग्य स्वास्थ्य समस्या है। संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद, तनाव प्रबंधन और धूम्रपान से दूरी जैसी आदतें यौन स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकती हैं।
हालांकि, घरेलू उपाय हर व्यक्ति के लिए पर्याप्त नहीं होते। यदि इरेक्शन की समस्या बार-बार हो रही है, तो शर्म या संकोच के कारण डॉक्टर से सलाह लेने में देरी न करें। सही कारण का पता लगने पर उपयुक्त उपचार चुनना आसान हो जाता है।
MenMindset.com की सलाह: अपने यौन स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहें, अप्रमाणित नुस्खों और बिना जांच वाली सेक्स पावर दवाओं से बचें तथा जरूरत पड़ने पर योग्य चिकित्सक की मदद लें।
चिकित्सा संबंधी अस्वीकरण (Medical Disclaimer)
यह लेख केवल सामान्य शैक्षिक जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। यह किसी योग्य डॉक्टर की जांच, निदान या व्यक्तिगत चिकित्सा सलाह का विकल्प नहीं है। किसी दवा, हर्बल सप्लीमेंट या उपचार को शुरू करने, बदलने या बंद करने से पहले योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लें।
संदर्भ (References)
- National Institute of Diabetes and Digestive and Kidney Diseases (NIDDK) — Erectile Dysfunction: https://www.niddk.nih.gov/health-information/urologic-diseases/erectile-dysfunction
- NIDDK — Treatment for Erectile Dysfunction: https://www.niddk.nih.gov/health-information/urologic-diseases/erectile-dysfunction/treatment
- Mayo Clinic — Dietary Supplements for Erectile Dysfunction: https://www.mayoclinic.org/diseases-conditions/erectile-dysfunction/in-depth/erectile-dysfunction-herbs/art-20044394
- NHS — Erectile Dysfunction: https://www.nhs.uk/conditions/erection-problems-erectile-dysfunction/
1 thought on “Erectile Dysfunction Se Chutkara Kaise Paye? इरेक्शन की समस्या दूर करने के 8 तरीके”